
Tesla China Sales: दुनिया की सबसे बड़ी ऑटो मार्केट में टेस्ला की मुश्किलें बढ़ीं
दुनिया की सबसे बड़ी इलेक्ट्रिक वाहन कंपनी Tesla के लिए चीन का बाजार कभी सबसे बड़ा सपना हुआ करता था, लेकिन अब वही बाजार कंपनी के लिए सबसे बड़ी चुनौती बन गया है। अक्टूबर 2025 में Tesla China Sales घटकर सिर्फ 26,006 यूनिट्स रह गईं — जो पिछले तीन वर्षों में सबसे कम है। यह गिरावट ऐसे समय आई है जब चीन में इलेक्ट्रिक वाहनों की प्रतिस्पर्धा पहले से कहीं ज्यादा तेज हो चुकी है और उपभोक्ता मांग ठंडी पड़ती दिखाई दे रही है।
अमेरिकी ईवी दिग्गज टेस्ला के लिए यह स्थिति चिंता का विषय है, क्योंकि चीन उसका दूसरा सबसे बड़ा बाजार है, और यहां बिक्री में इतनी गिरावट कंपनी के लिए एक बड़ा झटका साबित हो सकती है।
Tesla China Sales: 35.8% की भारी गिरावट, Model Y नहीं कर पाई कमाल
Tesla की अक्टूबर 2025 की बिक्री पिछले साल की तुलना में 35.8% कम रही। सितंबर में कंपनी ने 71,525 गाड़ियां बेची थीं, जिसमें उसका नया Model Y L (लॉन्ग-व्हीलबेस, छह-सीटर वर्जन) लॉन्च हुआ था। यह वेरिएंट खास तौर पर चीन के बाजार के लिए डिजाइन किया गया था, लेकिन उम्मीद के मुताबिक मांग नहीं बनी।
दिलचस्प बात यह है कि जहां घरेलू बिक्री में गिरावट आई, वहीं Tesla के चीन में बने वाहनों का एक्सपोर्ट दो साल के उच्च स्तर पर पहुंच गया। अक्टूबर में कंपनी ने 35,491 यूनिट्स वाहनों का निर्यात किया। यानी घरेलू बाजार में बिक्री कमजोर रही, लेकिन विदेशी बाजारों में मांग बनी हुई है।

Tesla China Sales: मार्केट शेयर घटकर सिर्फ 3.2% रह गया
कभी चीन के इलेक्ट्रिक वाहन बाजार में दमदार पकड़ रखने वाली Tesla का मार्केट शेयर अब तेजी से गिर रहा है। अक्टूबर में Tesla की हिस्सेदारी घटकर सिर्फ 3.2% रह गई, जो सितंबर के 8.7% से काफी कम है। यह पिछले तीन सालों में कंपनी का सबसे निचला स्तर है।
यह गिरावट इस बात का संकेत है कि चीन में Tesla का प्रभाव लगातार घट रहा है, और स्थानीय ब्रांड्स जैसे Xiaomi, BYD, NIO और XPeng ने उपभोक्ताओं का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है।
Tesla China Sales: यूरोप में भी कमजोर प्रदर्शन, बढ़ी ग्लोबल चिंता
टेस्ला की यह मुश्किलें सिर्फ चीन तक सीमित नहीं हैं। रिपोर्ट के अनुसार, कंपनी की बिक्री यूरोप के कई देशों जैसे जर्मनी, स्पेन, नीदरलैंड्स और नॉर्डिक क्षेत्रों में भी कम रही। यह सिलसिला इस बात की ओर इशारा करता है कि Tesla का ग्लोबल ग्रोथ मोमेंटम फिलहाल कमजोर हो चुका है।
यूरोप और चीन जैसे महत्वपूर्ण बाजारों में बिक्री घटने से कंपनी पर आर्थिक और निवेशकों दोनों स्तरों पर दबाव बढ़ा है।
Tesla China Sales: Xiaomi जैसे ब्रांड्स की धमाकेदार एंट्री
Tesla के लिए चीन में सबसे बड़ी चुनौती अब स्थानीय ब्रांड Xiaomi बन गया है। अक्टूबर 2025 में Xiaomi ने अपनी इलेक्ट्रिक कारों — SU7 Sedan और YU SUV — के जरिए 48,654 यूनिट्स की रिकॉर्ड बिक्री दर्ज की।
हालांकि, Xiaomi की गाड़ियों से जुड़े कुछ हादसों ने EV सुरक्षा को लेकर चिंताएं बढ़ाई हैं, लेकिन इसके बावजूद कंपनी की ग्रोथ लगातार बढ़ रही है। वहीं Tesla की बिक्री में गिरावट से साफ है कि अब उपभोक्ता विकल्पों को लेकर पहले से ज्यादा जागरूक और खुला नजर आ रहे हैं।
Tesla China Sales: घटती मांग और सरकारी नीतियां बनी वजह
ऑटो इंडस्ट्री के जानकारों का मानना है कि चीन में इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री में यह गिरावट उपभोक्ता भावना में कमी, सरकारी सब्सिडी और टैक्स बेनिफिट्स में कटौती, और कड़ी प्रतिस्पर्धा के कारण आई है।
पहले जहां सरकार ईवी खरीद पर बड़े पैमाने पर टैक्स छूट देती थी, अब वो सीमित हो गई है। साथ ही, सैकड़ों नए ईवी मॉडल्स की मौजूदगी ने उपभोक्ताओं को कई विकल्प दे दिए हैं — जिससे Tesla जैसी प्रीमियम ब्रांड्स के लिए अपने प्राइस पॉइंट को जस्टिफाई करना मुश्किल हो रहा है।
Tesla China Sales: क्या एलन मस्क को अब रणनीति बदलनी होगी?
इन हालातों में Tesla के CEO Elon Musk के सामने अब चीन में कंपनी की रणनीति को फिर से परिभाषित करने की चुनौती है। कंपनी को अब या तो अपने प्रोडक्ट्स की प्राइस रेंज पर दोबारा विचार करना होगा या फिर चीन के ग्राहकों के लिए कुछ खास फीचर्स या मॉडल तैयार करने होंगे।
Tesla की ताकत हमेशा इनोवेशन और टेक्नोलॉजी में रही है, लेकिन अब स्थानीय ब्रांड्स ने भी उसी स्तर की तकनीक को सस्ते दामों पर उपलब्ध कराना शुरू कर दिया है। यही कारण है कि अब Tesla को अपने पुराने फॉर्मूले से बाहर निकलकर नया रास्ता चुनना पड़ेगा।
निष्कर्ष: Tesla China Sales गिरना केवल आंकड़ा नहीं, एक चेतावनी है
Tesla की चीन में बिक्री में यह गिरावट केवल एक तिमाही की समस्या नहीं है, बल्कि एक बड़ी चेतावनी है कि अब इलेक्ट्रिक वाहन बाजार पूरी तरह से बदल चुका है। प्रतिस्पर्धा पहले से ज्यादा तेज है और उपभोक्ताओं की प्राथमिकताएं भी बदल गई हैं।
अगर Tesla को चीन में अपनी स्थिति दोबारा मजबूत करनी है, तो उसे लोकल जरूरतों को समझकर अपनी मार्केटिंग और प्रोडक्ट पॉलिसी में बड़ा बदलाव लाना होगा।
Disclaimer: इस लेख में दी गई सभी जानकारी मीडिया रिपोर्ट्स और उद्योग स्रोतों पर आधारित है। Tesla या अन्य ब्रांड्स द्वारा भविष्य में की गई घोषणाओं या अपडेट्स में परिवर्तन संभव है।





